Golmaal लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
Golmaal लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

गोल माल है - Gol Maal Hai (Sapan Chakraborty, R.D.Burman, Gol Maal)



Movie/Album: गोल माल (1979)
Music By: राहुल देव बर्मन
Lyrics By: गुलज़ार
Performed By: सपन चक्रबर्ती, आर.डी.बर्मन

गोल माल है भई सब गोल माल है
हर सीधे रस्ते की एक टेढ़ी ही चाल है
गोल माल है भाई...

भूख रोटी की हो तो पैसा कमाइए
पैसा कमाने के लिए भी पैसा चाहिए
मांगे से न मिले तो पसीना बहाइए
बहता है जब पसीना तो रुमाल चाहिए
हो गोल माल है भाई...

रुमाल बन गया भी गर कमीज फाड़ कर
कमीज के लिए भी तो फिर कपड़ा चाहिए
अरे कपड़ा किसी ने दान ही में दे दिया चलो
दर्ज़ी के पास जा के वो पहले सिलाइये
हो गोल माल है भाई...

बिन सिली कमीज़ पे तो कुछ नहीं लिया
सिली हुई कमीज पे सिलाई चाहिए
सिलाई देने के लिए फिर पैसा चाहिए
पैसा कमाने के लिए फिर पैसा चाहिए
हो गोल माल है भाई...


एक दिन सपने में - Ek Din Sapne Mein (Kishore Kumar, Amit Kumar, Gol Maal)



Movie/Album: गोल माल (1979)
Music By: राहुल देव बर्मन
Lyrics By: गुलज़ार
Performed By: किशोर कुमार

एक दिन सपने में देखा सपना
क्या
अरे वो जो है न अमिताभ अपना
बच्चन? हाँ
मार्किट से आउट हुआ, लोगों को डाउट हुआ
मेरी वजह से वो गया गया गया गया
किस्मत तो बदली, क्या कहूँ रियली
मैं अमिताभ हो गया
हो सपने में देखा सपना

दाएँ में हेमा मालिनी, बाएँ में ज़ीनत
अमान?
सामने रेखा, पीछे जो देखा
दाये में हेमा, बाएँ में ज़ीनत
सामने रेखा, पीछे जो देखा
तो क्या हुआ?
रत्ना खड़ी थी, हाथ में छड़ी थी
देखते-देखते मैं भाग रहा था
देखा मैं जाग रहा था
हो सपने में देखा सपना, हाँ

हाँ एक और याद आया
सुनाओ
एक दिन सपने में देखा सपना
अरे वो जो है ना  मिस्टर पेले अपना
कॉसमॉस?
कहते खिलाड़ी हैं, बड़ा अनाड़ी है
मेरे साथ मैच हो गया, गया गया गया गया
अरे मारा जो छक्का तो कैच हो गया
फुटबॉल में क्रिकेट, हाँ कहा ना
सपने में देखा सपना...

और एक!
एक दिन छोटी सी देखी सपनी
सपनी?
वो जो है ना, लता अपनी
लता गा रही थी, मैं तबले पे था
वो मुखड़े पे थी, मैं अंतरे पे था
ताल कहाँ, सम कहाँ, तुम कहाँ, हम कहाँ
तिरकिट धूम नरगद धूम
तिरकिट धूम नरगद धूम, तुम हम तुम
लताफट फटफट लताफट फटाफट
नरकट करमत ता थई थई ता
ता थई थई ता, ता थई थई ता
थैया थैया थई
तकत धूम तकत धूम ताकत हाँ
सपने में देखा सपना
हो सपने में देखा सपना हाँ


एक बात कहूँ गर - Ek Baat Kahoon Gar (Lata Mangeshkar, Gol Maal)



Movie/Album: गोल माल (1979)
Music By: राहुल देव बर्मन
Lyrics By: गुलज़ार
Performed By: लता मंगेशकर

एक बात कहूँ गर मानो तुम
सपनों में न आना जानो तुम
मैं नींद में उठकर चलती हूँ
जब देखती हूँ सच मानो तुम

कल भी हुआ के तुम, गुज़रे थे पास से
थोड़े से अनमने, थोड़े उदास थे
भागी थी मनाने नींद में लेकिन
सोफे से गिर पड़ी
एक बात कहूँ गर..

परसों की बात है, तुमने बुलाया था
तुम्हारे हाथ में चेहरा छुपाया था
चूमा था हाथ को नींद में लेकिन
पाया पलंग का था
एक बात कहूँ गर...

उस दिन भी रात को, तुम ख्वाब में मिले
और खामखां के बस करते रहे गिले
काश ये नींद और ख्वाब के यूँ ही
चलते रहे सिलसिले
एक बात कहूँ गर...


All lyrics are property and copyright of their owners. All the lyrics are provided for educational purposes only. Copyright © Lyrics In Hindi | Powered by Blogger Design by ronangelo | Blogger Theme by NewBloggerThemes.com