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उदास शाम किसी ख्वाब - Udaas Shaam Kisi Khwaab (Ghulam Ali, Mahtab)



Movie/Album: महताब (1991)
Music By: गुलाम अली
Lyrics By: क़तील शिफ़ई
Performed By: गुलाम अली

उदास शाम किसी ख्वाब में ढली तो है
यही बहुत है के ताज़ा हवा चली तो है

जो अपनी शाख़ से बाहर अभी नहीं आई
नई बहार की ज़ामिन वही कली तो है
उदास शाम किसी...

धुंआ तो झूठ नहीं बोलता कभी यारों
हमारे शहर में बस्ती कोई जली तो है
उदास शाम किसी...

किसी के इश्क़ में हम जान से गये लेकिन
हमारे नाम से रस्म-ए-वफ़ा चली तो है
उदास शाम किसी...

हज़ार बन्द हो दैर-ओ-हरम के दरवाज़े
मेरे लिये मेरे महबूब की गली तो है
उदास शाम किसी...


दुःख सुख की - Dukh Sukh Ki (Chandrashekhar Gadgil, Kudrat)



Movie/Album: कुदरत (1981)
Music By: राहुल देव बर्मन
Lyrics By: क़तील शिफ़ाई
Performed By: चंद्रशेखर गाडगील

दुःख-सुख की हर इक माला, कुदरत ही पिरोती है
हाथों की लकीरों में, ये जागती-सोती है
दुःख सुख की हर इक माला...

यादों का सफ़र ये करे, गुज़री बहारों में कभी
आने वाले कल पे हँसे, उड़ते नज़ारों में कभी
एक हाथ मे अंधियारा, एक हाथ में ज्योति है
दुःख सुख की हर इक माला...

सामना करे जो इसका, किसी में ये दम है कहाँ
इसका खिलोना बन के, हम सब जीते है यहाँ
जिस राह से हम गुज़रें, ये सामने होती है
दुःख सुख की हर इक माला...

आहों के जनाज़े दिल में, आँखों में चिताएँ गम की
नींदे बन गयी तिनका, चली वो हवाएँ गम की
इंसान के अंदर भी, आँधी कोई होती है
दुःख सुख की हर इक माला...

खुद को छुपाने वालों का, पल-पल पीछा ये करे
जहाँ भी हो मिटे निशां, वहीं जा के पाँव ये धरे
फिर दिल का हर एक घाव, अश्कों से ये धोती है
दुःख सुख की हर इक माला...


बादलों में छुप रहा है - Baadlon Mein Chhup Raha Hai (Alka Yagnik, Kumar Sanu, Phir Teri Kahani Yaad Aayee)



Movie/Album: फिर तेरी कहानी याद आयी (1993)
Music By: अनु मलिक
Lyrics By: क़तील शिफ़ई
Performed By: अल्का याग्निक, कुमार सानू

बादलों में छुप रहा है चाँद क्यूँ
अपने हुस्न की ज़या से पूछ लो
चाँदनी पड़ी हुई है मांद क्यूँ
अपनी ही किसी अदा से पूछ लो
बादलों में छुप रहा...

मेरी हसरतों पे बेख़ुदी-सी छा गयी
तुमको देख कर निग़ाह लड़खड़ा गयी
हो रहा हूँ मैं नशे में चूर क्यों
झूमती हुई फ़ज़ा से पूछ लो
हो रहा है बे-पिये सुरूर क्यों
मेरी ज़ुल्फ़ की घटा से पूछ लो
बादलों में छुप रहा...

दूर मुझसे ग़म है और ख़ुशी करीब है
आज मेरा प्यरा कितना ख़ुशनसीब है
झूमता है मेरा अंग-अंग क्यूँ
अपनी रूह की सदा से पूछ लो
बज रहे हैं दिल में जल-तरंग क्यूँ
गीत छेड़ती हवा से पूछ लो
बादलों में छुप रहा...


दिल देता है रो रो दुहाई - Dil Deta Hai Ro Ro Duhaai (Alka Yagnik, Pankaj Udhas, Phir Teri Kahani Yaad Aayee)



Movie/Album: फिर तेरी कहानी याद आयी (1993)
Music By: अनु मलिक
Lyrics By: क़तील शिफ़ई
Performed By: अल्का याग्निक, पंकज उधास

दिल देता है रो-रो दुहाई
किसी से कोई प्यार ना करे
बड़ी महँगी पड़ेगी जुदाई
किसी से कोई प्यार ना करे
दिल देता है...

कोई समझे किसी को ना अपना
झूठा निकलेगा जीवन का सपना
गाँव-गाँव पुकारे शहनाई
किसी से कोई प्यार ना करे
बड़ी महँगी...

सेज पे बैठी रोए सजनिया
भा गई साजना को सौतनिया
हाय निकला बलम हरजाई
किसी से कोई प्यार ना करे
बड़ी महँगी...

प्यार ने कुछ तो पागल बनाया
और कुछ ज़िन्दगी ने (भी) सताया
खूब अपनी हुई जग-हँसाई
किसी से कोई प्यार ना करे
बड़ी महँगी...


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